About Us

TESS-India एक बहुभाषाई अध्यापक पेशेवर विकास कार्यक्रम है जिसका नेतृत्व ओपन यूनिवर्सिटी और सेव द चिल्ड्रेन, भारत द्वारा किया जाता है। इस कार्यक्रम का लक्ष्य स्वतंत्र रूप से उपलब्ध और अनुकूलित किए जा सकने योग्य मुक्त शैक्षिक संसाधन (ओपन एजुकेशनल रिसोर्सेज़, OER) प्रदान करने के माध्यम से प्राथमिक और माध्यमिक विद्यालयी अध्यापकों के कक्षा अभ्यास को बेहतर बनाकर भारत की राष्ट्रीय शिक्षा नीति को सहयोग देना है।

OER, भारत और यूके के शिक्षा विशेषज्ञों और नीति नियंताओं के बीच का सहयोग हैं और इनका लक्ष्य एक अधिक शिक्षार्थी-केंद्रित, समावेशी, सहभागितापूर्ण, संलग्नताकारी, प्रभावशाली कक्षा शिक्षणशास्त्र को अपनाए जाने में सहयोग करना तथा उसके द्वारा बच्चों की संपूर्ण विद्यालयी शिक्षा में उनकी प्रगति और उपलब्धियों पर सकारात्मक ढंग से प्रभाव डालना है।

OER भाषा व साक्षरता, विज्ञान, गणित तथा अंग्रेज़ी के संबंध में इन शिक्षणशास्त्रीय कार्यप्रथाओं के विकास पर केंद्रित हैं। प्रत्येक एकक में केस अध्ययन, पठन, चिंतन कार्य और - सर्वाधिक महत्वपूर्ण - कक्षा में इन कार्यप्रथाओं को लागू व परिशोधित करने के अवसर शामिल होते हैं। इन एककों का संपूरण, अपने स्वयं के विद्यार्थियों के साथ नई कार्यप्रथाओं को काम में लेने वाले अन्य भारतीय अध्यापकों के प्रामाणिक वीडियो द्वारा किया जाता है।

प्रशिक्षु और सेवारत, दोनों प्रकार के अध्यापकों पर लक्षित इन एककों का उपयोग स्वाध्याय के लिए किया जा सकता है, या विभिन्न पेशेवर विकास संदर्भों में अध्यापक शिक्षक (टीचर एजुकेटर) इनमें मध्यस्थता कर सकते हैं।

विद्यालय नायकों के पेशेवर विकास में सुधार लाने के लिए पाठ्य और वीडियो आधारित OER का एक अलग समूह डिजाइन किया गया है, जिससे अध्यापन और अधिगम (लर्निंग) को बदल देने के एक संपूर्ण विद्यालयी दृष्टिकोण को बढ़ावा मिलता है।

अपने संबंधित राज्य संसाधन समूहों (स्टेट रिसोर्स ग्रुप्स, SRG) के माध्यम से, बिहार, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, ओडिशा, कर्नाटक, असम और पश्चिम बंगाल वर्तमान में अपने अध्यापकों व विद्यालय नायकों के बीच OER के उपयोग में सहयोग देने में लगे हुए हैं। इस प्रकार, पूर्णतः हिंदी तथा पूर्णतः अंग्रेज़ी संस्करणों के अलावा, हिंदी की तीन किस्मों और ओडिशा, कन्नड़ा व असमिया में भी स्थानीकृत, अनूदित संस्करण उपलब्ध हैं। इन ‘राज्य प्रमाणित’ संस्करणों को संस्था की या स्थानीय आवश्यकताओं के अनुसार और भी अनुकूलित किया जा सकता है।

OER का उपयोग लचीले ढंग से किया जा सकता है - किसी भी क्रम में, संपूर्ण या आंशिक। इनमें अनेक उदाहरण उपलब्ध हैं, जो ऐसे तरीके विस्तार से दर्शाते हैं जिनमें भारतीय अध्यापक, अध्यापक शिक्षक और विद्यालय नायकों ने शिक्षा की विशिष्ट समस्याओं को हल करने के लिए OER में से चयन किया है।

ये OER कई प्रारूपों में उपलब्ध हैं : मुद्रित, ऑनलाइन, डीवीडी, पेन ड्राइव एवं माइक्रो एसडी, तथा इन्हें मोबाइल डिवाइस जैसी छोटी स्क्रीनों पर उपयोग के लिए भी अनुकूलित किया जा चुका है।

TESS-India OER के उत्पादन, प्रसार व उपयोग के संबंध में कई अनुसंधान पहल इस समय जारी हैं। इन पहलों के विवरण ओपन यूनिवर्सिटी की अंतर्राष्ट्रीय विकास व अध्यापक शिक्षण वेबसाइट पर उपलब्ध हैं।